कोरोना के लिए नि:शुल्‍क देखभाल हेतु टेली-हेल्‍थ नेटवर्क ‘स्‍वस्‍थ’ शुरू किया गया

Edit-Rashmi Sharma

जयपुर 23 जून 2020  – सौ से अधिक हेल्‍थकेयर स्‍पेशलिस्‍ट्स ने कोरोना के उपचार के लिए साथ मिलकर स्‍वस्‍थनामक एक राष्‍ट्रव्‍यापी टेलीमेडिसिन प्‍लेटफॉर्म लॉन्‍च किया। इस प्‍लेटफॉर्म के जरिए भारत के लोग सर्वश्रेष्‍ठ चिकित्‍सकों व वेलनेस प्रोवाइडर्स से संपर्क कर सकेंगे। स्‍वस्‍थ‘, वर्तमान चुनौतीपूर्ण समय में टेलीमेडिसिन को राष्‍ट्रीय प्राथमिकता के रूप में उपयोग करने हेतु प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी द्वारा किये गये आह्वान पर देश के हेल्‍थ एवं टेक्‍नोलॉजी लीडर्स द्वारा शुरू की गई एक अनूठी पहल है। मोबाइल एप्‍प-आधारित इस सेवा हेतु भारत की तकनीकी दक्षता का उपयोग कर भारत के विभिन्‍न क्षेत्रों व आय-वर्गों के 1.3 बिलियन लोगों को एकसमान रूप से किफायती स्‍वास्‍थ्‍य सुविधा प्रदान की जायेगी।

इस स्‍वदेशी डिजिटल हेल्‍थकेयर सिस्‍टम को ऐसे समय में लॉन्‍च किया जा रहा है जब परंपरागत सेवा प्रदाताओं के लिए कोविड-19 महामारी एक चुनौती बनी हुई है।

 स्‍वस्‍थ गवर्निंग काउंसिल के सदस्‍य, श्री क्रिस गोपालकृष्‍णन ने बताया, स्‍वस्‍थ के जरिए देश के सर्वोत्‍तम संसाधनों को साथ लाया गया है, ताकि इस संकट काल में तुरंत राहत प्रदान करने हेतु नि:शुल्‍क स्‍वास्‍थ्‍य सेवा प्रदान की जा सके। स्‍वस्‍थ जनसामान्‍य की बेहतर सेहत के लिए कार्य करेगा। यह सरकार, मेडिकल काउंसिल, सार्वजनिक स्‍वास्‍थ्‍य संगठनों व निजी क्षेत्रों के सहयोग से लोगों को उत्‍तम उपचार की सुविधा प्रदान करेगा। मुझे पक्का विश्‍वास है कि यह संकट काल, भारत में नये तरीके से स्‍वास्‍थ्‍य उपचार को बढ़ावा देने हेतु एक शानदार अवसर साबित होगा।

 स्‍वस्‍थ के जरिए वीडियो व टेलीफोनी के विभिन्‍न माध्‍यमों से मरीज, पंजीकृत मेडिकल प्रैक्टिशनर्स से आसानीपूर्वक दूरस्‍थ संपर्क व परामर्श कर सकेंगे। ‘स्‍वस्‍थ में एआई-आधारित ट्रायगिंग का इस्‍तेमाल किया गया है, ताकि आवश्‍यक उपचार का पता लगाया जा सके, डिजिटल तरीके से हस्‍ताक्षरित प्रेस्क्रिप्‍शन व परामर्श दिया जा सके।

नि:शुल्‍क परामर्श के साथ-साथ, ‘स्‍वस्‍थ के जरिए रियायती दर पर होम क्‍वारंटीन सहायता, डायग्‍नॉस्टिक्‍स, फार्मेसीज, हॉस्पिटल बेड डिस्‍कवरी और बुकिंग सहायता प्रदान की जायेगी।

स्‍वस्‍थ प्‍लेटफॉर्म के सभी डॉक्‍टर्स पूर्णत: योग्‍य हैं और उन्‍हें टेली-कंसल्‍टेशन व कोविड-19 क्लिनिकल प्रोटोकॉल्‍स हेतु विशेष प्रकार से डिजाइन किये गये प्रोग्राम्‍स का प्रशिक्षण प्राप्‍त है। स्‍वस्‍थ, हेल्‍थकेयर प्‍लेटफॉर्म्‍स के लिए इंडस्‍ट्री द्वारा मान्‍यता प्राप्‍त साइबर सुरक्षा मानकों के अनुरूप है। इसमें डिफेंस-इन डेप्‍थ एप्रोच अपनाया गया है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि संचरित आंकड़े सुरक्षित तरीके से संग्रहित, प्रबंधित व एसेस्‍ड हों। अभी यह एप्‍प हिंदी, अंग्रेजी व गुजराती है और इसे 25 भारतीय भाषाओं में उपलब्‍ध कराया जायेगा।

स्‍वस्‍थ, डिजिटल हेल्‍थकेयर को लोगों द्वारा बड़े पैमाने पर उपयोग को प्रोत्‍साहन देने की दिशा में बहुत बड़ा कदम है।

गवर्निंग काउंसिल के सदस्य, डॉ. नचिकेत मोर ने कहा, “स्वस्थ,भारतीय हेल्थकेयर इकोसिस्टम में देश के सभी कोनों के डॉक्टरों, छोटे और बड़े अस्पतालों, नैदानिक ​​प्रयोगशालाओं, फार्मेसियों, टेलीमेडिसिन प्लेटफार्मों, बीमा कंपनियों और स्वास्थ्य-प्रौद्योगिकी कंपनियों सहित विभिन्न क्षेत्रों के सदस्यों की एक अलाभकारी संबद्धता है। इसका उद्देश्‍य संकट के इस समय में देश के कोने-कोने में सभी भारतीयों को सस्ती स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना और उनके लिए तुरंत उपचार सुनिश्चित करना है। ‘स्वस्थ’, अपने सदस्यों के जरिए रोगियों के लिए आवश्यक सेवाएं आसानी से उपलब्ध कराने के साथ-साथ उन्‍हें उच्च गुणवत्ता वाली सेवाएं हासिल करने में सक्षम बनाएगा। इसके लिए प्रत्येक सदस्य को आचार नियमावली, सर्वोत्‍तम प्रौद्योगिकियां और मंच उपलब्ध कराए जाएंगे, जो पूरी तरह से इंटरऑपरेबल हैं और नवीनतम दिशानिर्देशों का पूरी तरह से पालन करते हैं।प्रोजेक्‍ट टीम के प्रमुख सदस्‍य, डॉ. एनके जयराम ने कहा, वर्तमान कोरोना महामारी का सामना करते हुए, टेलीमेडिसिन, स्वास्थ्य सेवा प्रणाली का एक अभिन्न हिस्सा बन जाएगा और इससे सोशल डिस्‍टेंसिंग भी सुनिश्चित हो सकेगा। डॉक्टर 2000 के दशक की शुरुआत से टेली-परामर्श दे रहे हैं। हालांकि, मौजूदा स्थिति में इसका उपयोग तेजी से बढ़ा है। स्वस्थ‘, लोगों में टेलीमेडिसिन को बढ़ावा देगा जिससे मरीज तुरंत निर्णय ले सकेंगे और खुद की देखभाल कर सकेंगे।

‘स्वस्थ’, सरकारी एजेंसियों, स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं, उद्यमियों, प्रौद्योगिकी विशेषज्ञों और डॉक्टरों द्वारा निर्मित एक अलाभकारी संघ है। ‘स्वस्थ’ को एसीटी ग्रांट्स से 10 करोड़ रु. (1.3 मिलियन डॉलर) का अनुदान प्राप्‍त है। एसीटी ग्रांट्स, इस महामारी से लड़ने में स्‍टार्टअप्‍स को सहयोग देने वाले उद्यमियों और निवेशकों का एक महत्‍वपूर्ण मंच है।

स्‍वस्‍थ के विषय में

‘स्‍वस्‍थ’ एक गैर-लाभकारी पहल है, जिसका उद्देश्य भारत की प्रामाणिक चिकित्‍सकीय व तकनीकी क्षमताओं का उपयोग कर भारत में कहीं भी किसी भी नागरिक के लिए अच्‍छी प्राथमिक देखभाल की सुविधा समान रूप से उपलब्‍ध कराना है। ‘स्‍वस्‍थ’, उपलब्ध प्रदाता क्षमता का उपयोग कर डिजिटल प्रौद्योगिकी के जरिए प्राथमिक देखभाल की सुविधा को सुलभ करायेगा और राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य प्रणाली के पूर्णत: अनुकूल प्रणाली को बढ़ावा देगा। हेल्थकेयर इकोसिस्टम के समान विचारधारा वाले योग्‍य और सफल चिकित्सकों, पेशेवरों, टेक्नोक्रेट्स और उद्यमियों ने स्‍वेच्‍छापूर्वक, सामूहिक रूप से साथ आकर अपना समय, ज्ञान-कौशल, आईपी व वित्‍तीय संसाधन प्रदान किये हैं, ताकि सर्वोत्‍तम डिजिटल तकनीकों का उपयोग कर भारत में अच्‍छी स्‍वास्‍थ्‍य सेवा प्रदान करने में योगदान दिया जा सके।